आईआईटी बॉम्बे में 20 वर्षीय छात्र साहिल वाकोडे की मौत के मामले में रविवार को नया घटनाक्रम हुआ। छात्र की मौत के बाद संस्थान के वरिष्ठ प्रोफेसर सूर्यानारायण दूल्ला की छवि को खराब किए जाने की कोशिशों पर आईआईटी बॉम्बे फैकल्टी फोरम ने चिंता जताते हुए उनके समर्थन में बयान जारी किया है।

फोरम ने छात्र की मौत पर दुख जताते हुए उसके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की, लेकिन साथ ही कहा कि प्रोफेसर दूल्ला ने अपनी जिम्मेदारी संस्थान की सीनेट द्वारा तय नियमों और शैक्षणिक नीतियों के तहत ही निभाई थी।

फैकल्टी फोरम के अध्यक्ष प्रोफेसर राजकुमार एस. पंत की ओर से रविवार को जारी बयान के मुताबिक, प्रोफेसर दूल्ला शुक्रवार 18 सितंबर को सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक मिड-सेमेस्टर परीक्षा में इंविजिलेटर की ड्यूटी पर थे।

फोरम के अनुसार, इसी दौरान उन्होंने एक छात्र को परीक्षा के दौरान बिना अनुमति स्मार्टफोन रखने और उसका इस्तेमाल करते हुए पकड़ा। इसके बाद प्रोफेसर ने संस्थान की तय गाइडलाइंस के अनुसार इस अनुचित साधन के इस्तेमाल की जानकारी आगे की कार्रवाई के लिए संबंधित अधिकारियों को दे दी।

फैकल्टी फोरम ने कहा कि वह अपने साथी प्रोफेसर सूर्यानारायण दूल्ला की छवि को बेवजह धूमिल किए जाने से चिंतित है। फोरम के मुताबिक, प्रोफेसर केवल अपनी शैक्षणिक ड्यूटी निभा रहे थे और उन्होंने कैंपस के अधिकृत नियमों का पालन किया था।

हालांकि, फोरम ने अपने बयान में यह स्पष्ट नहीं किया कि परीक्षा में स्मार्टफोन के साथ पकड़ा गया छात्र वही था, जिसकी बाद में मौत हुई। फोरम ने छात्र की मौत से जुड़ी परिस्थितियों पर भी कोई विस्तृत टिप्पणी नहीं की है।

दरअसल, शुक्रवार को आईआईटी बॉम्बे के हॉस्टल के कमरे में 20 वर्षीय साहिल वाकोडे मृत मिला था। साहिल की मौत के बाद उसके परिजनों ने आरोप लगाया कि उसे जातिसूचक टिप्पणियों और भेदभाव के जरिए मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। इन आरोपों के आधार पर शनिवार को पवई पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया। एफआईआर में प्रोफेसर दूल्ला का भी नाम है।

एफआईआर में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धाराओं के साथ अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धाराएं भी लगाई गई हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए शनिवार देर रात जांच पवई पुलिस से मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच को सौंप दी गई।

मुख्य बातें

  • आईआईटी बॉम्बे में 20 वर्षीय छात्र साहिल वाकोडे की मौत के मामले में रविवार को नया घटनाक्रम हुआ।
  • छात्र की मौत के बाद संस्थान के वरिष्ठ प्रोफेसर सूर्यानारायण दूल्ला की छवि को खराब किए जाने की कोशिशों पर आईआईटी बॉम्बे फैकल्टी फोरम ने चि…
  • फोरम ने छात्र की मौत पर दुख जताते हुए उसके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की, लेकिन साथ ही कहा कि प्रोफेसर दूल्ला ने अपनी जिम्मेदारी संस्…

स्रोत और संदर्भ

  1. अमर उजाला · आईआईटी बॉम्बे छात्र खुदकुशी मामला: प्रोफेसर दूल्ला के समर्थन में फैकल्टी फोरम, छवि खराब करने के प्रयास का आरोप ↗20 सितंबर 2026

सार्वजनिक प्राथमिक स्रोतों पर आधारित संपादित लेख। स्रोत जाँच: 21 सितंबर 2026।

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